एक ही जमीन पर दो किसान, किसे मिलेगा किसान निधि योजना का लाभ?

एक ही जमीन पर दो किसान, किसे मिलेगा किसान निधि योजना का लाभ?


PM Kisan Yojana Rules: देश में करोड़ों की संख्या में किसान रहते हैं. इन किसानों के लिए केंद्र सरकार राज्य सरकारों के साथ मिलकर कई योजनाएं चलाती है. इनमें सबसे प्रमुख योजना है पीएम किसान सम्मान निधि योजना जो देश के छोटे और सीमांत किसानों के लिए एक बेहतरीन सहारा बन चुकी है. सरकार हर साल तीन किश्तों में किसानों के बैंक खातों में 6000 रुपये भेजती है. जिससे खेती-किसानी के छोटे-मोटे खर्चे आसानी से निपट जाते हैं. 

लेकिन इस योजना को लेकर गांवों और कस्बों में आज भी काफी कन्फ्यूजन देखने को मिलता है. सबसे बड़ा सवाल तब उठता है जब एक ही जमीन के टुकड़े पर दो लोग खेती कर रहे होते हैं जैसे पिता और बेटा, या फिर दो सगे भाई. ऐसे में लोगों को लगता है कि अगर नाम कागजों में दर्ज है, तो घर के हर सदस्य को अलग से 6 हजार रुपये मिल जाएंगे. पर क्या वाकई पीएम किसान योजना के नियम इसकी इजाजत देते हैं? चलिए आपको बताते हैं क्या कहते हैं योजना के नियम.

क्या एक ही परिवार के दो सदस्यों को मिल सकता है लाभ?

पीएम किसान योजना में नियमों की बात करें तो गाइडलाइंस के हिसाब से पति, पत्नी और उनके नाबालिग बच्चों को मिलाकर एक सिंगल फैमिली माना जाता है. अगर किसी जमीन के कागजात में पिता के साथ-साथ उनके नाबालिग बेटे का नाम भी है. तो योजना का लाभ सिर्फ एक ही इंसान को मिलेगा. 

आमतौर पर परिवार के मुखिया यानी पिता के खाते में ही किश्त का पैसा भेजा जाता है. ऐसा इसलिए किया गया है जिससे एक ही राशन कार्ड या एक ही चूल्हे पर रहने वाले परिवार में दोहरा फायदा न उठाया जा सके. इसलिए अगर आप सोच रहे हैं कि एक ही घर के दो लोगों को पैसा मिल जाएगा तो ऐसा बिल्कुल नहीं है.

पिता और बालिग बेटे के मामले में क्या कहते हैं नियम?

अब बात करते हैं उस सिचुएशन की जहां बेटा बालिग हो चुका है और जमीन में उसका नाम भी चढ़ा हुआ है. अगर बेटा 18 साल से ऊपर का है और सरकारी खतौनी में उसका नाम एक अलग हिस्सेदार या सह-खातेदार के रूप में दर्ज है तो मामला बदल जाता है. इस सूरत में बालिग बेटा अपना अलग राशन कार्ड बनवाकर और अपनी अलग पहचान के साथ पीएम किसान योजना के लिए अप्लाई कर सकता है. 

अगर उसकी अपनी अलग खेती की जमीन कागजों में साफ दिखती है. तो उसे योजना का फायदा मिल सकता है. लेकिन ध्यान रहे अगर जमीन सिर्फ पिता के नाम पर ही है और बेटा सिर्फ उस पर काम कर रहा है. तो बेटे को कोई पैसा नहीं मिलेगा.

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दो भाइयों के नाम एक जमीन हो तो किसे मिलेगी किश्त?

पैतृक संपत्ति में दो भाइयों का नाम होना बहुत आम बात है. अगर किसी जमीन पर दो भाइयों का हक है और सरकारी राजस्व रिकॉर्ड यानी भूलेख में दोनों का नाम अलग-अलग हिस्सेदार के रूप में दर्ज हो चुका है. तो दोनों भाई इस योजना का लाभ ले सकते हैं. 

इसके लिए जरूरी है कि दोनों का परिवार अलग हो यानी दोनों के राशन कार्ड अलग-अलग बने हों. अगर जमीन का बटवारा कागजों पर नहीं हुआ है और दोनों भाई एक ही जॉइंट फैमिली में रहते हैं. तो पूरे परिवार में से केवल एक ही भाई को किश्त मिलेगी. 

एक ही जमीन पर दो किसान, किसे मिलेगा किसान निधि योजना का लाभ?

आवेदन करते समय इन जरूरी बातों का रखें ध्यान

अगर आप एक ही जमीन पर दो लोग लाभ लेना चाहते हैं. तो कुछ जरूरी शर्तें पूरी करना बेहद जरूरी है. सबसे पहले तो भूलेख में दोनों का नाम अलग-अलग हिस्सेदार के तौर पर साफ दिखना चाहिए. इसके अलावा दोनों आवेदकों का आधार कार्ड उनके बैंक खाते से लिंक होना चाहिए और खाते में डीबीटी ऑन होनी चाहिए. 

बैंक अकाउंट और आधार में नाम की स्पेलिंग बिल्कुल एक जैसी होनी चाहिए जरा सी गलती से भी किश्त अटक जाती है. इसके साथ ही ई-केवाईसी और जमीन का लैंड सीडिंग वेरिफिकेशन पूरा होना चाहिए. अगर यह सारे डाॅक्यूमेंट सही हैं तो एक ही जमीन के दो अलग-अलग हिस्सेदारों को योजना की किस्त मिल जाएगी.

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