- महाराष्ट्र को पीछे छोड़ हरियाणा शीर्ष पर, कर्नाटक भी अग्रणी।
Tax Report: यह तो सभी जानते हैं कि किसी राज्य में सड़क, अस्पताल से लेकर स्कूल और दूसरे सरकारी सुविधाओं पर होने वाले खर्च इस बात पर निर्भर करते हैं कि उस राज्य में कितना टैक्स जुटाया जा रहा है. अभी हाल ही में देश के राज्यों की वित्तीय स्थिति को लेकर एक रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें बहुत बड़ा अंतर देखने को मिला है. रिपोर्ट में देखा गया है कि कुछ राज्य टैक्स से अच्छी-खासी आय जुटा रहे हैं, लेकिन वहीं कुछ राज्य ऐसे भी हैं जो अभी भी केंद्र सरकार से मिलने वाले टैक्स शेयर और आर्थिक सहायता पर ही निर्भर हैं.
सबसे आगे है हरियाणा
फाइनेंशियल ईयर 2024-24 के आंकड़ों के मुताबिक, हरियाणा टैक्स वसूली के मामले में सबसे आगे रहा है. रिपोर्ट के मुताबिक, हरियाणा की कुल आय का 73.23 प्रतिशत हिस्सा खुद के टैक्स से आया. मतलब साफ है कि हरियाणा अपनी कमाई का एक बड़ा हिस्सा खुद ही जुटा रहा है.
सबसे पीछे है बिहार
अगर बात करें बिहार की तो यह टैक्स वसूली के मामले में सबसे पीछे हैं. राज्य के कुल आय का केवल 24.50 प्रतिशित हिस्सा ही खुद के टैक्स से आया, जिसकी वजह से बिहार को केंद्र सरकार से मिलने वाली आर्थिक मदद का सहारा लेना पड़ता है.
पहले ये राज्य था सबसे आगे
फाइनेंशियल ईयर 2017 से 2020 तक टैक्स के मामले में सबसे आगे महाराष्ट्र था. लेकिन 2020-21 के बाद अब हरियाणा ने महाराष्ट्र को पीछे छोड़ दिया है. खास बात तो यह है कि तब से लेकर अभी तक पहले स्थान पर हरियाणा ही है.
हरियाणा के अलावा इन राज्यों ने भी किया अच्छा प्रदर्शन
रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 10 साल में इन राज्यों ने भी अच्छा-खासा टैक्स से मजबूत कमाई की है. इनमें शामिल है…
- कर्नाटक
- हरियाणा
- तमिलनाडु
- तेलंगाना
- और महाराष्ट्र
इन राज्यों की दूसरे राज्यों के मुकाबले टैक्स वसूली ज्यादा रही.






