डॉक्टर बताते हैं कि यह एक बहुत ही आम बात है जो हड्डी रोग डॉक्टरों को अपने क्लिनिक में अक्सर देखने को मिलती है. कई मरीज बताते हैं कि बारिश के मौसम में उनका दर्द, तकलीफ और चलने-फिरने में दिक्कत बढ़ जाती है. डॉक्टर ने यह भी साफ किया कि बारिश सीधे तौर पर जोड़ों का दर्द पैदा नहीं करती, बल्कि यह पहले से मौजूद आर्थराइटिस के लक्षणों को और बढ़ा देती है.

अब बात करते हैं कि जोड़ों के अंदर असल में क्या बदलाव होता है. तो बता दें कि हवा के दबाव में बदलाव से आर्थराइटिस के लक्षणों को बढ़ा सकता है. विषेशज्ञों के अनुसार बारिश होने से पहले जब वातावरण का दबाव कम होता है, तो आसपास के टिशू थोड़े सूज जाते हैं, जिससे जोड़ों में पहले से मौजूद दबाव और बढ़ जाता है. यही वजह है कि बारिश आने से पहले ही कई लोगों को जोड़ों में दर्द महसूस होने लगता है.

अगर आप यह सोचते हैं कि सिर्फ बारिश ही जोड़ों के दर्द की वजह है, तो आप पूरी तरह से सही नहीं समझते हैं. कुछ मौसमी आदतें भी इस तकलीफ को बढ़ाने में भूमिका निभाती हैं. डॉक्टर के अनुसार बारिश के मौसम में लोग ज्यादातर घर के अंदर ही रहते हैं, एक्सरसाइज कम करते हैं और लंबे समय तक बैठे रहते हैं. शारीरिक गतिविधि कम होने से जोड़ों के आसपास मौजूद मांसपेशियों की हलचल भी कम हो जाती है, जिससे अकड़न बढ़ती है और दर्द महसूस होता है.

डॉक्टर ने विटामिन डी की कमी को लेकर भी चिंता जताई. बारिश के मौसम में धूप कम निकलती है, जिससे शरीर में विटामिन डी की कमी हो सकती है, और इसका सीधा असर हड्डियों और मांसपेशियों की सेहत पर पड़ता है. इसलिए मानसून के दौरान सक्रिय रहना बहुत जरूरी है. अगर आपको लगता है कि आपके शरीर में विटामिन डी की कमी हो सकती है, तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें.

बारिश के मौसम में कभी-कभार जोड़ों में अकड़न होना आम बात हो सकती है, लेकिन कुछ लक्षण दिखने पर डॉक्टर से मिलना जरूरी हो जाता है. अगर आपको जोड़ों के आसपास लगातार सूजन रहे, दर्द गंभीर हो या लगातार बढ़ रहा हो, जोड़ के आसपास गर्माहट महसूस हो, चलने में दिक्कत हो, या रोजमर्रा के काम करने में परेशानी हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए.
Published at : 22 Jul 2026 09:55 PM (IST)






