Anuradha Paudwal On Lata Mangeshkar: बॉलीवुड के बेहतरीन प्लेबैक सिंगर अनुराधा पौडवाल आज भले ही फिल्मों में काम नहीं कर रही हैं लेकिन, एक समय था जब उनकी तुलना लता मंगेशकर और आशा भोसले से होती थी. यहां तक कि उस समय चर्चा यहां तक रही थी कि अनुराधा के आने से लता मंगेशकर का सिंहासन डगमगा गया है. हालांकि, अनुराधा पौडवाल का हमेशा से ही कहना रहा है कि वो उन्हें अपना गुरु मानती हैं. ऐसे में लता मंगेशकर संग विवाद की चर्चा भी काफी रही है. अब सालों के बाद सिंगर ने इस पर चुप्पी तोड़ी है.
दरअसल, गुजरे जमाने में जब अनुराधा पौडवाल ने करियर की शुरुआत की थी तो वो जल्द ही पीक पर भी पहुंच गई थी. हर गली, नुक्कड़ और चौराहे पर बस उनके ही गाने बज रहे थे लेकिन अक्सर दावा किया जाता रहा है कि अनुराधा को लता मंगेशकर ने आगे बढ़ने नहीं दिया. इसलिए उनका करियर खत्म हो गया. इस विवाद को लेकर अब सिंगर ने सालों के बाद चुप्पी तोड़ी है और उनका कहना है कि गुरु की कोई बराबरी नहीं है.
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लता मंगेशकर संग विवाद पर अनुराधा पौडवाल ने तोड़ी चुप्पी
अनुराधा पौडवाल ने शुभांकर मिश्रा के पॉडकास्ट में शिरकत की थी और इस दौरान उन्होंने लता मंगेशकर संग विवाद पर चुप्पी तोड़ी और कहा, ‘मैं ये मानती हूं कि गुरु से कोई बराबरी नहीं करता. किसी भी फील्ड में गुरु से बराबरी नहीं जाती है. गुरु को फॉलो किया जाता है. उनकी पूजा की जाती है. तो मैं उनसे जितना ले सकी मैंने उतना लेने की कोशिश की. दूसरी बात लोगों की कॉमन सोच होती है कंपेयर करने की तो वो लोग कहते हैं कि इन्होंने उनको बढ़ने नहीं दिया. क्योंकि वो सुनने में स्पाइसी लगता है.’
साइडलाइन पर बोलीं अनुराधा पौडवाल
साइडलाइन करने की बात पर जवाब देते हुए अनुराधा पौडवाल कहती हैं, ‘अगर वो करती भी लेकिन उन्होंने नहीं किया. लेकिन अगर करतीं तो जिस बुलंदी का उनका आर्ट आता है तो उस बुलंदी के सामने कहीं नजदीक तो आना चाहिए ना. उसमें किसी को आने देने का सवाल नहीं है. अरे आर्ट के लेवल पर भी तो देखो ना. तो ये सब कहना मूर्खता होगी.’
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लता मंगेशकर से कैसे हुई थी पहली मुलाकात
लता मंगेशकर से पहली मुलाकात को लेकर अनुराधा पौडवाल बताती हैं, ‘मेरी उनसे मुलाकात, मेरी शादी होने के पहले मुझे ऑल इंडिया रेडियो में गाने के लिए बुलाया गया था. उससे पहले अरुण जी के यहां एक रिकॉर्डिंग थी. लता जी ने एक गाना गाया था और उसकी अरेंजमेंट अरुण जी ने की थी. वो गाना सुनने के लिए मैं वहां गई थी और वो गाना सुनते सुनते मुझे याद हो गया था और वो कागज भी लेकर आई घर पर. फिर इसे रिकॉर्ड किया और सबके फोन आने लगे थे. उस गाने की खासियत ये थी कि नॉन रिलीज सॉन्ग था मेरे जैसी नई सिंगर के लिए म्यूजिक डायरेक्टर कौन सा गाना दे. मुझे नहीं पता था कि वो इतना इंपेक्ट होगा. इस गाने से मेरी किस्मत चमक गई थी.’
गौरतलब है कि अनुराधा पौडवाल ने अपने करियर की शुरुआत बतौर सिंगर 1970 के दशक में की थी. टी-सीरीज के साथ उन्होंने ढेरों भक्ति गीत गाए साथ ही फिल्मों में भी कई गाने गाए थे. आज भी उन्हें उनके गानों और आवाज के लिए काफी पसंद किया जाता है.






